प्रदेशकी 20 हजार 565 पंचायतें कोरोनामुक्त
भोपाल
प्रदेश में कोरोना संक्रमण तेजी से नियंत्रित हो रहा है। 22 हजार 813 पंचायतों में से 20 हजार 565 कोरोनोमुक्त हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में संक्रमण की रोकथाम के लिए चलाया गया किल कोरोना अभियान जारी रहे। अधिक से अधिक जांच कराएं। जहां भी संक्रमण के मामले आएं, उस क्षेत्र को माइक्रो कंटेनमेंट जोन बनाकर एक-एक मरीज की पहचान की जाए। अब प्रयास यह होने चाहिए कि तीसरी लहर ही न आए। यह बात मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने गुरुवार को वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से कोरोना नियंत्रण को लेकर समीक्षा के दौरान कही।
मुख्यमंत्री ने कहा कि कोरोना नियंत्रण के लिए जिस तरह जनता की भागीदारी सुनिश्चित की गई, उसका ही नतीजा है कि संक्रमण की दर में लगातार कमी आ रही है। गांव, कस्बों और शहरों के आपदा प्रबंधन समूह लगातार सक्रिय रहे। जनता को टीकाकरण के लिए जागरूक करें। जो पंचायतें कोरोना मुक्त हो गई हैं, वहां भी सावधानी बरती जाए। किसी प्रकार की ढिलाई नहीं होनी चाहिए। कोरोना की तीसरी लहर के संबंध में अध्ययन करें और विशेषज्ञों से चर्चा करके निपटने की तैयारी करें। प्रयास यह हो कि तीसरी लहर ही न आए। स्वास्थ्य सुविधाओं को और बेहतर बनाने की दिशा में लगातार कदम उठाए जाएंं।
इंदौर और भोपाल में ही अब सौ से ज्यादा नए प्रकरण
बैठक में बताया कि प्रदेश में नए प्रकरण एक हजार 977 आए हैं। साप्ताहिक संक्रमण दर चार फीसद आ गई है। पिछले 24 घंटे में 6,888 मरीज स्वस्थ हुए है। अब प्रदेश में इंदौर और भोपाल ही ऐसे जिले रह गए हैं,जहां सौ से ज्यादा नए प्रकरण सामने आए हैं। इंदौर में गुरुवार को 533 और भोपाल में 409 प्रकरण आए हैं। वहीं, जबलपुर में 99, सागर 96 तथा ग्वालियर में 51 प्रकरण आए हैं। 46 जिलों में साप्ताहिक संक्रमण दर (पॉजिटिविटी रेट) पांच फीसद से कम है। इंदौर में यह दर 8.1, भोपाल 7.7, सागर 7, रतलाम 6.1, अनूपपुर 6.6 तथा रीवा में 5.2 प्रतिशत साप्ताहिक संक्रमण दर है।
