15 दिन तक बंद की जाएं जिला और तहसील कोर्ट
जबलपुर
कोरोना की सेकंड लहर का बढ़ता कहर देख एमपी स्टेट बार काउंसिल के उपाध्यक्ष आरके सिंह सैनी ने एमपी हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस मोहम्मद रफीक खान को पत्र लिखकर प्रदेश के तमाम न्यायालयों में 15 दिन के लिए पूरा कामकाज बंद किए जाने का आग्रह किया है।
आरके सिंह सैनी ने चीफ जस्टिस को लिखे पत्र में कहा है कि प्रदेश में संक्रमण फिर बढ़ रहा है। इससे जिला-तहसील व हाईकोर्ट भी अछूता नहीं रह सकता। नतीजतन लगातार न्यायाधीश-अधिवक्ता, आवेदक-पक्षकार सहित न्यायिक कामकाज से सम्बंधित अधिकारी-कर्मचारी भी संक्रमित हो रहे हैं। इसलिए 15 दिन के लिए सुनवाई पूरी तरह बंद कर दी जाए। पत्र में कहा गया कि अति आवश्यक हो तो वर्चुअली सुनवाई की जाए, फिजिकल सुनवाई पूरी तरह बंद रखी जाए। ऐसा इसलिए क्योंकि जिला व तहसील अदालतों में बड़ी संख्या में पक्षकार, आवेदक, गवाह और वकील सहित स्टाफ मौजूद रहता है। इससे इन न्यायालयों में संक्र मण तेजी से फैल रहा है। हाल ही में जबलपुर में निवासरत पूर्व चीफ जस्टिस गुलाब गुप्ता, युवा अधिवक्ता आदेश सोनकर, सतना में न्यायाधीश जगदीश अग्रवाल का दुखद निधन हो गया। ऐसी स्थिति में विधि जगत को बचाने हाईकोर्ट प्रशासन ने स्वयं ही फिजिकल सुनवाई बंद कर वर्चुअल सुनवाई का प्रावधान रखा है। इसी आधार पर 15 दिन के लिए सभी जिला व तहसील न्यायालय बंद कर दिए जाना चाहिए।
