ताइवान के रक्षा क्षेत्र में लगातार दूसरे दिन घुसे 60 चीनी लड़ाकू विमान, विदेश मंत्रालय ने किया ट्वीट

ताइपे
ताइवान ने कहा कि पिछले दो दिनों में कम से कम 58 चीनी लड़ाकू विमानों ने उसके हवाई रक्षा क्षेत्र (एडीआईजेड) में प्रवेश किया, जिनमें से 20 ने अकेले शनिवार को उड़ान भरी। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार लड़ाकू जेट जैसे दिखने वाले कुल 38 चीनी सैन्य विमान शुक्रवार को ताइवान के रक्षा क्षेत्र में उड़ते हुए नजर आए थे।

ताइवान के विदेश मंत्रालय ने ट्वीट किया, एक अक्तूबर हमारे लिए अच्छा दिन नहीं था। चीनी पीपुल्स लिबरेशन आर्मी एयर फोर्स ने ताइवान के हवाई क्षेत्र में 38 युद्धक विमानों को उड़ाया। इसे चीन की ओर से ताइवान के रक्षा क्षेत्र में सबसे बड़ी घुसपैठ कहा जा सकता है।

मंत्रालय ने बयान में बताया कि इससे पहले शुक्रवार को 25 पीएलए लड़ाकू विमानों ने दिन में एडीआईजेड के दक्षिण-पश्चिमी कोने में प्रवेश किया और अन्य 13 विमानों ने द्वीप के दक्षिण-पश्चिम हिस्से में घुसपैठ की थी। वहीं ताइवान के रक्षा मंत्रालय ने बताया कि शनिवार को दिन में 20 और रात को 19 लड़ाकू विमानों ने ताइवान की ओर उड़ान भरी। इन विमानों में अधिकतर जे-17 और एयू-30 लड़ाकू विमान थे।

दूसरी ओर ताइपे ने अमेरिका के साथ रणनीतिक संबंधों को बढ़ाकर चीनी आक्रामकता का मुकाबला किया है, जिसका चीन कई बार विरोध कर चुका है। चीन ने धमकी भी दी है कि ताइवान की आजादी का मतलब युद्ध है। चीन ताइवान पर अपना दावा करता है। गृह युद्ध के बाद 1949 में दोनों अलग हो गए, ‘कम्युनिस्ट’ समर्थकों ने चीन पर कब्जा कर लिया था और उसके प्रतिद्वंद्वी ‘नेशनलिस्ट’ समर्थकों ने ताइवान में सरकार बनाई थी। कम्युनिस्ट पार्टी ने शुक्रवार को अपने शासन की 72वीं वर्षगांठ मनाई।

ताइवान के प्रधानमंत्री सुसेंग चांग ने चीनी लड़ाकू विमानों की घुसपैठ के बाद उसकी इस हरकत की निंदा की। उन्होंने कहा कि चीन पिछले एक साल से अधिक समय से ताइवान के दक्षिण में लगातार सैन्य विमान भेज रहा है। चीन ने हमेशा क्षेत्रीय शांति को खतरे में डालने वाली क्रूर और निर्मम कार्रवाई की है।

चीन के राष्ट्रीय दिवस पर हांगकांग के कार्यकर्ताओं ने ताइवान में विरोध प्रदर्शन करलोगों से अपनी अर्थव्यवस्था में चीनी धन की आमद को रोकने के प्रयासों को आगे बढ़ाने की अपील की।

हांगकांग के लोकतंत्र समर्थक समूह के कार्यकर्ता चीनी कम्युनिस्ट पार्टी (सीसीपी) की ओर से दमनकारी व्यवहार के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे थे और हांगकांग के मीडिया और राजनीतिक जीवन में घुसपैठ करने के लिए चीन प्रयासों का विरोध कर रहे थे। इस बीच प्रदर्शनकारियों ने चीनी कम्युनिस्ट पार्टी के नेता शी जिनपिंग की फोटो पर स्याही भी फेंकी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *