कम्यूनिस्ट पार्टी की धज्जियां उड़ाने वाला अखबार बंद
हांगकांग
आखिरकार एक साल के बाद चीन ने हांगकांग की सबसे बड़ी आवाज को, लोकतंत्र के सबसे बड़े सिपाही को, लोकतांत्रिक व्यवस्था के सबसे बड़े स्तंभ को गिरा दिया है। आज हांगकांग से छपने वाला सबसे बड़ा लोकतांत्रिक अखबार एप्पल डेली बंद हो गया है। पिछले साल जब पूरी दुनिया में कोरोना की वजह से लॉकडाउन लगा हुआ था, उस वक्त चीन ने हांगकांग में नेशनल सिक्योरिटी कानून लागू किया था, जिसके तहत हांगकांग में हजारों लोकतंत्र समर्थकों को जेल भेज दिया गया, जिसमें लोकतंत्र के प्रबल समर्थक और हांगकांग की मीडिया के सबसे बड़ा चेहरा जिमी लाई भी शामिल थे।
पिछले एक साल से जिमी लाई जेल में बंद हैं और अब उनके अखबार को हमेशा- हमेशा के लिए बंद कर दिया गया है। एप्पल डेली अखबार पर ताला नेक्स्ट मीडिया ने बुधवार को घोषणा की है कि एप्पल डेली, इसका प्रमुख टैब्लॉइड अखबार अब बंद होने जा रहा है। शनिवार से अखबार का प्रकाशन हमेशा के लिए बंद कर दिया जाएगा। मीडिया संस्थान की तरफ से कहा गया है कि उसके सैकड़ों पत्रकार गिरफ्तार हैं, उसके लाखों डॉलर की संपत्ति चीन की सरकार ने जब्त कर ली है, ऐसे में अब अखबार को बंद करने का फैसला लिया गया है। एप्पल डेली के बंद होने के बाद हांगकांग के नये प्रशासन के उन दावों की धज्जियां उड़ गई हैं, जिसमें कहा गया था कि हांगकांग में जो नया कानून बनाया गया है, उससे प्रेस की स्वतंत्रता खत्म नहीं होगा। एक तरह से कह सकते हैं कि अब से हांगकांग की सारी आवाज खत्म कर दी गई है।
हांगकांग पर चीन का कसता शिकंजा पिछले साल चीन की सत्तारूढ़ कम्युनिस्ट पार्टी ने पूरे हांगकांग में राष्ट्रीय सुरक्षा कानून को लागू करने के लिए शहर की विधायिका को दरकिनार कर दिया था और हांगकांग को चीन के शासन के मुताबिक करने के लिए बड़ा कदम बढ़ाते हुए लोकतंत्र समर्थन हजारों कार्यकर्ताओं, उद्योगपतियों को गिरफ्तार कर लिया था। चीन के नये कानून के तहत हांगकांग में चीन की सरकार के खिलाफ एक शब्द लिखना या बोलना कानून जुर्म घोषित कर दिया गया। चीन की कम्यूनिस्ट पार्टी ने हर उन लोकतंत्र समर्थकों को जेल में भेज दिया है, जो कम्यूनिस्ट शासन के खिलाफ थे।
