बलरामपुर के शहरोज का आईएसआई कनेक्शन, सीमावर्ती जिलों में फैला नेटवर्क आया सामने
लखनऊ
यूपी के बलरामपुर से पकड़े गए पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई के एजेंट शहरोज का भारत नेपाल सीमावर्ती जिलों में नेटवर्क फैला हुआ था। पाकिस्तानी एजेंट के सम्पर्क में रहकर गैसड़ी के जमधरा गांव निवासी संदिग्ध आतंकी शहरोज सीमावर्ती जिलों के युवाओं को कट्टरपंथ की ओर ढकेलने का प्रयास कर रहा था। जांच एजेंसियों के अनुसार संदिग्ध शहरोज लम्बे समय से सीमावर्ती जनपद बहराइच, श्रावस्ती, बलरामपुर, सिद्धार्थनगर और लखमीपुरखीरी में सक्रिय रहकर युवाओं से सम्पर्क बना रहा था। एटीएस सूत्रों की मानें तो उनकी जांच में यह बात सामने आयी है कि उसका उद्देश्य जेहादी सोंच से प्रभावित युवकों का एक संगठित नेटवर्क तैयार करना था। ताकि भविष्य में उन्हें राष्ट्रविरोधी गतिविधियों के लिए इस्तेमाल किया जा सके।
एटीएस सूत्रों की मानें तो गैसड़ी के जमधरा गांव के जिस शहरोज को संदिग्ध आतंकी के रूप में एटीएस ने गिरफ्तार किया है उसके तार एक पाकिस्तानी एजेंट से जुड़े होने की जानकारी सामने आयी है। सुरक्षा एजेंसियां इस पहलू की गंभीरता से जांच कर रही हैं। शहरोज के मोबाइल फोन, सोशल मीडिया एकाउंट, कॉल डिटेल रिकार्ड, बैंक खातों और डिजिटल गतिविधियों को फारेंसिक जांच करायी जा रही है।
एजेंसियों का मानना है कि डिजिटल साक्ष्यों से पूरे नेटवर्क और उसके अन्य सदस्यों तक पहुंचने में मदद मिलेगी। सूत्र बताते हैं कि प्रारंभिक जांच में यह बात सामने आयी है कि शहरोज सीमावर्ती जिलों के कई युवाओं के सम्पर्क में था। वह अलग अलग माध्यमों से युवाओं को प्रभावित करने और कट्टरपंथी विचारधाा की ओर उन्हें आकर्षित करने का प्रयास कर रहा था। सुरक्षा एजेंसियां अब यह पता लगाने में जुटी हैं कि उसके सम्पर्क में आए लोगों में कौन कौन लोग सक्रिय रूप से शामिल थे।
एटीएस ने की संदिग्ध आतंकी शहरोज के दो करीबियों की पहचान
एटीएस ने आईएसआई और पाकिस्तानी गैंगस्टर शहजाद भट्टी के लिए काम कर रहे अलग-अलग माड्यूल को लेकर अपनी पड़ताल तेज की है। ऐसे ही एक ग्रुप से जुड़े बलरामपुर निवासी संदिग्ध आतंकी शहरोज से जुड़े रहे दो युवकों को चिन्हित किया गया है। आरोपी शहरोज ने दोनों को पाकिस्तानी गैंगस्टर शहजाद भट्टी से जोड़ा था। सूत्रों के अनुसार एटीएस ने शहरोज के संपर्क में रहे एक संदिग्ध युवक से लंबी पूछताछ भी की है।
एटीएस को आरोपी शहरोज के मोबाइल फोन से कई अहम सुराग व संदिग्ध नंबर मिले हैं। मोबाइल की फोरेंसिक जांच भी कराई जा रही है। एटीएस डिलीट किए गए डाटा को रिकवर कराने का प्रयास कर रही है। आरोपी शहरोज से ऐसे कई बिंदुओं पर पूछताछ के लिए उसे पुलिस कस्टडी रिमांड पर लेने की तैयारी कर रही है। एटीएस उसे पुलिस रिमांड पर लेने के लिए सोमवार को कोर्ट में अर्जी दाखिल कर सकती है।
इससे पहले उसके संपर्क में रहे युवकों तक पहुंचने का प्रयास किया जा रहा है। एटीएस की शुरुआत जांच में यह भी सामने आया था कि शहरोज को राजस्थान पहुंचने के बाद उस शख्स का नाम बताया जाना था, जिससे उसे हथियार और विस्फोटक हासिल करना था। बीते दो माह में पाकिस्तानी गैंगस्टर द्वारा बनाए गए अलग-अलग ग्रुपों से जुड़े डेढ़ दर्जन से अधिक संदिग्ध आतंकियों के पकड़े जाने के बाद से पाकिस्तान में बैठे उनके आका भी सतर्क हो गए हैं। इंस्टाग्राम व अन्य सोशल मीडिया प्लेटफार्म के माध्यम से संदिग्ध आतंकियों को दिए जाने वाले टास्क व संदेशों को लेकर अतरिक्त सतर्कता बरती जा रही है।
एटीएस अब तक पकड़े जा चुके संदिग्ध आतंकियों से होने वाली चैट व संदेशों का परीक्षण भी कर रही है। एटीएस नवी मुंबई में रहकर मीट का कारोबार करने वाले शहरोज के संपर्क में रहे स्थानीय युवकों के बारे में छानबीन कर रही है।
