ग्लोकल हॉस्पिटल में रेमडेसिविर का गोलमाल
भागलपुर
ड्रग विभाग की टीम ने मंगलवार को ग्लोकल हॉस्पिटल में छापेमारी कर वैसे मरीजों के ट्रीटमेंट व इंडेंट खंगाला, जिनका इलाज वहां हो चुका है। जांच में पाया गया कि दो मरीजों को रेमडेसिविर देने के नाम पर गोलमाल किया गया है। टीम ने पाया कि दो मरीजों के नाम पर तीन-तीन वॉयल रेमडेसिविर मंगाये गये लेकिन दोनों को दो-दो वॉयल ही पड़े। दोनों गायब रेमडेसिविर के बाबत हॉस्पिटल प्रशासन का कहना है कि वह परिजन ले गये, जबकि परिजनों ने फोन पर बताया कि वे लोग नहीं, अस्पताल प्रबंधन के पास होगा। वहीं, पुलिस ने देर रात ग्लोकल अस्पताल का वार्ड बॉय ज्योति कुमार को गिरफ्तार किया लिया है।
मंगलवार को वरीय उप समाहर्ता त्रिलोकी नाथ सिंह, सहायक औषधि निरीक्षक (एडीसी) भागलपुर प्रदीप कुमार, औषधि निरीक्षक दयानंद प्रसाद व पुलिस टीम ने मधुबनी जिला निवासी व नोएडा में कार्यरत इंजीनियर की मौत व उनकी पत्नी से बदसलूकी मामले की जांच करने पहुंची। ड्रग इंस्पेक्टर दयानंद प्रसाद ने बताया कि इंजीनियर के इलाज से जुड़े कागजात को खंगालने पर पाया कि उनके नाम पर तीन वॉयल रेमडेसिविर मंगाया गया था। इनमें से दो वॉयल लगा दिखाया गया। कागजात पर ओवरराइटिंग भी है।
एक और कोरोना संक्रमित महिला जिसकी मौत अस्पताल में तीन मई को हुई थी, के कागजात की जांच पता चला कि उनके नाम पर भी तीन वॉयल रेमडेसिविर मंगाया गया लेकिन पड़ा सिर्फ दो। इस बाबत अस्पताल प्रबंधन ने बताया कि बचा एक वॉयल महिला के परिजन लेकर चले गये हैं। ड्रग इंस्पेक्टर ने मौके से ही महिला के परिजनों से बात की तो उन्होंने बताया कि वे लोग क्यों लेकर जाएंगे। टीम ने अस्पताल प्रबंधन व मृत परिजनों से लिखित बयान मांगा है और पूरी रिपोर्ट डीएम व एडीसी को सौंपने की बात कही है।
