स्थानीय स्वशासन को सशक्त बनाने के लिए मुख्यमंत्री ने की कई अहम घोषणाएं
रायपुर
मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने आज अपने निवास कार्यालय में आयोजित कार्यक्रम में स्थानीय स्वशासन को सशक्त बनाने के लिए कई अहम घोषणाएं की हैं। मुख्यमंत्री श्री बघेल ने नगरीय निकायों में अधोसंरचना विकास हेतु प्रदेश की सभी नगर पालिकाओं के लिए 5 करोड़ रुपए, नगर पंचायतों के लिए 3 करोड़ रूपए के विकास कार्य स्वीकृत किए जाने की घोषण की है। इसी प्रकार राज्य के 14 नगर निगमों में विकास कार्य के लिए 140 करोड़ रुपए की राशि उपलब्ध कराए जाने की घोषणा भी की है। इस तरह से स्थानीय स्वशासन को सशक्त बनाने के लिए कुल 579 करोड़ रु की राशि स्वीकृत करने की घोषणा मुख्यमंत्री के द्वारा की गयी है।
इसके साथ ही स्थानीय स्वशासन को सशक्त करने की अवधारणा को पूरा करने के लिए सभी नगरीय निकायों के सभी पदाधिकारियों की वर्तमान वित्तीय शक्तियों को भी दोगुना करने की घोषणा मुख्यमत्री श्री बघेल के द्वारा की गयी है। मुख्यमंत्री श्री बघेल ने नगरीय निकायों के जनप्रतिनिधियों को बेहतर विकास कार्य करने की मंशानुरूप बड़ी घोषणा करते हुए प्रदेश के सभी महापौर, सभापति, नगर पालिका एवं नगर पंचायतों के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष एवं सभी पार्षदों के मानदेय को भी दोगुना और महापौर, अध्यक्ष तथा पार्षद निधि को डेढ़ गुना करने की घोषणा की है। मुख्यमंत्री ने अपने उद्बोधन में कहा है कि प्रदेश के नगरीय निकायों के जनप्रतिनिधियों की मेहनत और परिश्रम का ही नतीजा है कि छत्तीसगढ़ ने लगातार तीन बार देश के स्वच्छ्तम् प्रदेश का खिताब हासिल किया है।
मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने आज अपने निवास कार्यालय में आयोजित कार्यक्रम में स्थानीय स्वशासन को सशक्त बनाने के लिए की कई अहम घोषणाएं-
- नगरीय निकायों में अधोसंरचना विकास हेतु प्रदेश की सभी नगर पालिकाओं के लिए पांच करोड़ रुपए, नगर पंचायतों के लिए तीन करोड़ रूपए के विकास कार्य स्वीकृत किए जाएंगे। इसी प्रकार प्रदेश के 14 नगर निगमों में विकास कार्य के लिए 140 करोड़ रुपए की राशि उपलब्ध कराई जाएगी। इस प्रकार कुल 579 करोड़ रु की राशि स्वीकृत की जाएगी।
- स्थानीय स्वशासन को सशक्त करने की अवधारणा को पूरा करने के लिए सभी नगरीय निकायों के सभी पदाधिकारियों की वर्तमान वित्तीय शक्तियों को दोगुना करने की घोषणा।
- प्रदेश के नगरीय निकायों के जनप्रतिनिधियों की मेहनत और परिश्रम का ही नतीजा है कि छत्तीसगढ़ ने तीन बार लगातार देश के स्वच्छ्तम प्रदेश का खिताब हासिल किया है। मुख्यमंत्री ने प्रदेश के महापौरों, सभापति, नगर पालिका एवं पंचायतों के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष एवं सभी पार्षदों के मानदेय को दोगुना करने की घोषणा की है।
- मुख्यमंत्री ने महापौर, अध्यक्ष और पार्षद निधि की राशि को भी डेढ़ गुना करने की घोषणा की।
मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने आज अपने निवास कार्यालय में आयोजित कार्यक्रम में प्रदेश में चार नये अनुभाग और 23 नई तहसीलों का शुभारंभ किया-
चार नये अनुभाग-
- जगदलपुर जिले में तोकापाल,
- गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले में मरवाही,
- सूरजपुर जिले में भैयाथान,
- गरियाबंद जिले में मैनपुर को नया अनुविभाग बनाया गया है।
नयी तहसीलें
- बिलासपुर जिले में सीपत और बोदरी,
- गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले में सकोला (कोटमी),
- जांजगीर-चांपा जिले में अड़भार,
- रायगढ़ जिले में सरिया और छाल,
- कोरबा जिले में बरपाली, अजगरबहार और पसान,
- बलरामपुर-रामानुजगंज जिले में चांदो, रघुनाथनगर और डोरा-कोचली,
- सूरजपुर जिले में बिहारपुर
- बलौदाबाजार-भाटापारा जिले में सुहेला और भटगांव,
- दुर्ग जिले में अहिवारा,
- बेमेतरा जिले में नांदघाट,
- उत्तर बस्तर कांकेर जिले में सरोना,
- दक्षिण बस्तर दंतेवाड़ा जिले में बारसूर,
- बीजापुर जिले में कुटरू और गंगालूर,
- नारायणपुर जिले में छोटे डोंगर और कोहकामेटा
