रालोद का बड़ा दांव : जयंत चौधरी की इस घोषणा से गरमाई पश्चिमी यूपी की राजनीति
मेरठ
यूपी के चुनाव दूर हैं लेकिन राजनीतिक दलों ने पश्चिमी उत्तर प्रदेश को साधना शुरू कर दिया है। 72 विधानसभा सीटों वाले इस वृह्द उप प्रदेश में एक से बढ़कर एक घोषणाएं हो रही हैं। मुजफ्फरनगर में राष्ट्रीय लोकदल ने बड़ा दांव खेलते हुए सरकार बनने पर हाईकोर्ट बेंच देने की घोषणा कर दी है। रालोद मुखिया जयंत चौधरी ने कहा कि हम पश्चिमी उत्तर प्रदेश और बुंदेलखंड में हाईकोर्ट बेंच देंगे।
मुजफ्फरनगर में आशीर्वाद रैली को संबोधित करते हुए जयंत ने कहा कि पश्चिमी उत्तर प्रदेश की यह काफी पुरानी मांग है, जिसे सरकार बनने पर हम पूरा करेंगे। इसका भीड़ ने समर्थन भी किया। एक दिन पहले ही सपा मुखिया और पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने सहारनपुर में किसान फंड बनाने की घोषणा की थी।
रालोद ने दिखाया साहस
पश्चिमी उत्तर प्रदेश में पिछले छह दशक से हाईकोर्ट बेंच की मांग शिद्दत से उठ रही है। पिछले चार दशक से अधिवक्ता हर शनिवार हड़ताल कर रहे हैं। अब इसमें माह का दूसरा बुधवार भी जोड़ दिया गया है। 1980 के लोकसभा चुनाव के बाद अभी तक किसी भी राजनीतिक दल में हाईकोर्ट बेंच देने का वादा खुले मंच से करने का साहस नहीं दिखाया। खुद जयंत चौधरी के पिता चौधरी अजित भी खुले मंच से इसका वादा नहीं कर सके। 1980 में पूर्व केंद्रीय मंत्री और मेरठ से कांग्रेस की प्रत्याशी मोहसिना किदवाई ने वादा किया था। लेकिन पूर्वांचल के दबाव में यह मांग पूरी न हो सकी। इसी दबाव में सभी राजनीतिक दल हाईकोर्ट बेंच के मुद्दे से अपने को सार्वजनिक रूप से अलग करते रहे हैं।
