अंबेडकर अस्पताल पहुंचे स्वास्थ्य मंत्री, निमार्णाधीण कार्य का लिया जायजा
रायपुर
स्वास्थ्य मंत्री टी एस सिंहदेव राज्य के सबसे बडे शासकीय अस्पताल का जायजा लेने पहुचे।अस्पताल में 2000 अतिरिक्त बेड सहित कई नई सुविधाएं बढ़ाई गई हैं। उन्होने कहा कि जब इस अस्पताल का निर्माण हुआ उस समय यह नही सोचा गया था कि आने वाले समय मे इस अस्पताल पर मरीजो का इतना दबाव बढ जायेगा।उन्होंने बताया कि नई एमसीएक्स बिल्डिंग के लिए 25 करोड़ का प्रावधान है। इसमें दो टॉवर और बनाए जाएंगे।
स्वास्थ्य मंत्री सिंहदेव ने कहा कि इस अस्पताल का कायाकल्प हो रहा है। महिलाओं के लिए भी बेहतर सुविधाएं की जा रही हैं। यहां 600 बिस्तर का अस्पताल मंजूर है, लेकिन रोज 1200 से अधिक मरीज पहुंचते हैं। नई एमसीएक्स बिल्डिंग के लिए 25 करोड़ रुपए के बजट का प्रावधान है। इसमें दो टॉवर और बनाए जाएंगे। इसके बन जाने से मरीजों को एक हजार अतिरिक्त बेड की सुविधा उपलब्ध रहेगी। स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि जब अस्पताल बना था तो नहीं सोचा गया था कि इतने ज्यादा लोग आएंगे। कालीबाड़ी में अलग विंग चलेगा, यहां पर अलग चलेगा तो व्यवस्था और बढ़ानी पड़ेगी। ऊपर की मंजिल में भी आईसीयू के बिस्तरों की संख्या बढ़ाने एवं नई बिल्डिंग भी बनाने की योजना है। इस दौरान उन्होंने सोनोग्राफी कक्ष, कॉन्सल्टेंशन कक्ष, गायनॉलॉजिस्ट कक्ष, डॉक्टर्स चेंजिंग रूम, आॅपरेशन कक्ष, डेमोंस्ट्रेशन कक्ष, रिकवरी-आॅब्जरवेशन रूम और भंडारण कक्ष समेत आॅक्सीजन आपूर्ति की व्यवस्था का निरीक्षण किया। स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि यह प्रयास किया गया है कि बेहतर से बेहतर सुविधाएं दे पाएं। उन्होंने जिम्मेदारी ली है कि एक छत के नीचे सभी सुविधाएं उपलब्ध हो पाएं। संस्थागत प्रसव के लिए वर्तमान समय मे उपलब्ध सुविधाओं की तुलना में और भी सुविधा बढ़ाने की आवश्यकता है। इसके लिए कोशिश होगी। सिंहदेव ने कहा, सरकार की कोशिश है कि सरकारी अस्पताल भी निजी अस्पतालों के साथ प्रतिस्पर्धा में खड़े हों। लोगों को भरोसा हो कि सरकारी अस्पतालों में भी साफ सुथरे वातावरण में गुणवत्ता पूर्ण इलाज होगा।
अधिकारियों ने स्वास्थय मंत्री को बताया कि चिकित्सालय में अलग-अलग विंग की जरूरतों के हिसाब से विशेष व्यवस्था की गई है। मेटरनिटी विंग महिलाओं के उपचार के लिए, प्रसव के पहले और बाद में उसकी जांच के लिए वार्ड की व्यवस्था है। इसके साथ तीन आॅपरेशन थिएटर भी बनाए गए हैं। आॅपरेशन थिएटर के पास डॉक्टरों के बैठने की व्यवस्था, कंसल्टेशन चेंबर, स्टोर रूम और डॉक्टरों के लिए चेंजिंग रूम बना है। यहां डॉक्टर चेंज और सैनिटाइज करने के उपरांत फिर काम करने में जाएंगे।
