कोरोना का असर : पर्यटकों को बैलाडीला की वादियों की खूबसूरती निहारने का नहीं मिल सकेगा मौका
दंतेवाड़ा
कोरोना वायरस के संक्रमण को देखते हुए जिला प्रशासन द्वारा इस साल विश्वकर्मा पूजा के मौके पर एनएमडीसी परियोजना क्षेत्र में होने वाले विभिन्न आयोजनों पर प्रतिबंध लगा दिया गया है। प्रशासन के इस फैसले के बाद पर्यटकों को बैलाडीला की वादियों की खूबसूरती निहारने का मौका नहीं मिल सकेगा। कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी दीपक सोनी द्वारा जारी आदेश के अनुसार इस साल भी एनएमडीसी बचेली एवं किरन्दुल परियोजना में वृहद स्तर पर विश्वकर्मा पूजा आयोजन की अनुमति नहीं दी जा सकती।
नोवल कोरोना वायरस (कोविड-19) का संक्रमण का आंकड़ा पूरे देश में बढ़ता जा रहा है, जो महामारी का रूप ले रही है। स्वास्थ्य की दृष्टि से नोवल कोरोना वायरस के संपर्क से पीड़ित, संदेही से दूर रहने की सख्त हिदायत है। नोवल कोरोना वायरस के प्रसार को देखते हुए इसके प्रसार को रोकने के लिए ना सिर्फ राज्य में बल्कि पूरे देश में सामाजिक/शारीरिक दूरी को अपनाया जा रहा है। केंद्र सरकार एवं छत्तीसगढ़ शासन के निदेर्शानुसार कोरोना वायरस (कोविड-19) से बचने के सभी संभावित उपाय अमल में लाया जा रहा है। कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी द्वारा जारी आदेश में कहा गया है कि इस वर्ष एनएमडीसी बचेली एवं किरन्दुल परियोजना में वृहद स्तर पर विश्वकर्मा पूजा आयोजन की अनुमति नहीं दी जा सकती।
नोवल कोरोना वायरस (कोविड-19) को दृष्टिगत रखते हुए एनएमडीसी बचेली एवं किरन्दुल परियोजना में विश्वकर्मा पूजा कार्यालयीन स्तर पर किया जा सकता ह,ै जिसमें एनएमडीसी बचेली एवं किरन्दुल प्रोजेक्ट के अधिकारी/कर्मचारी भाग ले सकते हैं। विश्वकर्मा पूजा के दौरान मॉस्क, सेनेटाईजर एवं सोशल डिस्टेंसिंग का पालन किया जावेगा तथा नोबेल द्वारा समय-समय पर जारी दिशा-निदेर्शों का पालन किया जाना होगा। इस कार्यक्रम के दौरान अन्य जिले एवं अन्य राज्यों से लोगों का एनएमडीसी बचेली/किरन्दुल परियोजना में आना/प्रवेश करना प्रतिबंधित होगा।
