ASCI के नोटिस के बाद कोहली ने इंस्टा पोस्ट को किया एडिट
इंडियन क्रिकेट टीम के कप्तान विराट कोहली हाल में ही एक विवाद में घिर गए थे। Virat Kohli के विवाद में आने की वजह क्रिकेट से संबंधित कोई चीज नहीं बल्कि सोशल मीडिया पोस्ट थी। विराट कोहली ने अपने इंस्टाग्राम हैंडल से एक पोस्ट शेयर किया था। इस पोस्ट पर भारत के विज्ञापन नियामक एडवरटाइजिंग स्टैंडर्ड काउंसिल ऑफ इंडिया (ASCI) की ओर से कोहली को नोटिस भेजा गया था।
एएससीआई (ASCI) का नोटिस मिलने के बाद कोहली ने अपनी इंस्टा पोस्ट एडिट कर दी थी। सोशल मीडिया साइट पर जिन सेलिब्रिटी के बहुत से फ़ॉलोवर होते हैं, वह अपने चाहने वालों को प्रभावित करने के लिए पोस्ट डालते हैं, इसे इनफ्लुएंसर मार्केटिंग कहते हैं। अपने प्रशंसकों तक इस तरह का पोस्ट पहुंचाने के लिए इनफ्लुएंसर मार्केटिंग के रूप में विराट कोहली को एक इंस्टा पोस्ट के लिए करीब पांच करोड़ रुपये मिलते हैं।
विराट कोहली ने पिछले 27 जुलाई को इंस्टाग्राम पर एक पोस्ट डाला। तीन फोटो की यह पोस्ट एक यूनिवर्सिटी के छात्रों के बारे में है जो तोक्यो ओलंपिक में भारत का प्रतिनिधित्व कर रहे थे। पहले फोटो में विराट ने लिखा, "तोक्यो ओलिंपिक में भारत की ओर से भेजे गए कुल खिलाड़ियों में से 10 फ़ीसदी इसी यूनिवर्सिटी से हैं। यह एक रिकॉर्ड है। उम्मीद करता हूं कि इस यूनिवर्सिटी के स्टूडेंट भारतीय क्रिकेट टीम का भी हिस्सा बनेंगे।"
अगली दो फोटो में यूनिवर्सिटी का पोस्टर था। इनमें उन 11 खिलाड़ियों के नाम थे जो तोक्यो ओलंपिक में भारतीय दल का हिस्सा थे। कोहली ने इस इंस्टा पोस्ट में यूनिवर्सिटी का नाम भी मेंशन किया। यह वास्तव में पेड पोस्ट है और इसे ही इनफ्लुएंसर मार्केटिंग कहा जाता है। इसका मतलब यह है कि क्रिकेटर विराट कोहली ने इंस्टाग्राम पर इस पोस्ट को डालने के लिए यूनिवर्सिटी से पैसे लिए हैं। इसके बाद कोहली को ASCI ने नोटिस भेज दिया
ASCI की गाइडलाइन्स के मुताबिक सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर ने अगर को पेड पोस्ट डाला है, तो उन्हें अपने फ़ॉलोवर को यह बताना होगा कि यह पोस्ट विज्ञापन कैंपेन का हिस्सा है। विराट कोहली ने यूनिवर्सिटी वाली पोस्ट में कहीं भी इस बात का जिक्र नहीं किया था। इसी वजह से कोहली को ASCI का नोटिस भेजा गया। ASCI के नोटिस के बाद कोहली ने इंस्टा पोस्ट को एडिट कर उसमें पार्टनरशिप का टैग लगा दिया।
