IG भारती अरोड़ा मीराबाई की तरह कृष्ण की भक्ति में बिताना चाहती हैं बाकी जीवन, VRS के लिए किया आवेदन
नई दिल्ली
करीब तीन महीने पहले ही भारती अरोड़ा ने हरियाणा में अंबाला रेंज की इंस्पेक्टर जनरल ऑफ पुलिस की कमान संभाली थी। अब इस आईपीएस अफसर ने सरकार के पास स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति के लिए आवेदन किया है। भारती अरोड़ा साल 2001 बैच के आईपीएस अफसर वाई पूरन कुमार के तबादले के बाद अंबाला आई थीं। 10 मई तक उनके पास करनाल आईजीपी का अतिरिक्त प्रभार भी था। अब भारती अरोड़ा ने राज्य के मुख्य सचिव डॉक्टर विजय वर्धन को चिट्ठी लिख वीआरएस की मांग की है। साल 1998 बैच की तेज तर्रार महिला अफसर भारती अरोड़ा ने गुहार लगाई है कि उन्हें 31 जुलाई तक सेवामुक्त कर दिया जाए। खास बात यह है कि आईजी ने सेवानिवृत होने के बाद अपना जीवन श्रीकृष्ण की सेवा में गुजारने की बात कही है। आईजी, भारती अरोड़ा ने जो खत हरियाणा के मुख्य सचिव को लिखा है उसमें कहा है कि 'मेरी नौकरी मेरा गर्व और मेरा पैशन रहा है। मैं इस नौकरी के प्रति काफी कृतज्ञ हूं कि मुझे सीखने, आगे बढ़ने और सेवा करने का मौका मिला। मैं हरियाणा को भी शुक्रिया अदा करती हूं जिसने मेरा सही मार्गदर्शन किया। मेरी इच्छा है कि मैं जिंदगी के अंतिम लक्ष्य को हासिल करूं। मैं गुरुनानक देव, चैतन्य महाप्रभु, कबीरदास, तुलसीदास, सूरदास, मीराबाई की राह पर चलकर अपना शेष जीवन प्रभु श्रीकृष्ण की भक्ति में बिताना चाहती हूं।' आईजी भारती अरोड़ा ने तीन महीने के नोटिस पीरियड से भी छूट देने का आग्रह किया। जानकारी के मुताबिक फिलहाल भारती के आवेदन को लेकर कोई फैसला नहीं हुआ है। अपने 23 साल के सेवाकाल के दौरान भारती अरोड़ा ने कई अहम केसों की जांच-पड़ताल की। जीआरपी में पुलिस अधीक्षक के पद पर तैनाती के दौरान उन्होंने समझौता ब्लास्ट की जांच भी की थी। बता दें कि 18 फरवरी, 2007 को पानीपत के नजदीक हुए एक ब्लास्ट में 68 लोगों की मौत हो गई थी और मरने वालों में ज्यादातर पाकिस्तानी नागरिक थे। अंबाला में पुलिस अधीक्षक पद पर तैनाती के दौरान भारतीय जनता पार्टी के विधायक अनिल विज को गिरफ्तार करने के बाद भारती अरोड़ा काफी सुर्खियों में आई थीं। अब अनिल विज राज्य के गृहमंत्री हैं।
