700 करोड़ में बना अंबेडकर पार्क, जानें क्यों कहा जाता है ‘बेस्ट पार्क ऑफ लखनऊ’
लखनऊ
डॉक्टर भीमराव अंबेडकर मेमोरियल पार्क लखनऊ के खूबसूरय पर्यटन स्थलों में से एक है. यहां बीआर अंबेडकर की प्रतिमा के साथ-साथ ही यहां ज्योतिबा फूले, श्री नारायण गुरु, बिरसा मुंडा, साहू जी महाराज और काशीराम जैसे महान व्यक्तियों की प्रतिमाएं भी बनाई गई हैं. गोमती नगर में करीब 107 एकड़ की जमीन में फैला डॉक्टर भीमराव अंबेडकर मेमोरियल पार्क लखनऊ के खूबसूरत पर्यटन स्थलों में से एक है. इस स्थान को डॉक्टर भीमराव अंबेडकर सामाजिक परिवर्तन प्रतीक स्थल के नाम से भी जाना जाता है. यहां बीआर अंबेडर की प्रतिमा तो है ही, साथ ही यहां ज्योतिबा फूले, श्री नारायण गुरु, बिरसा मुंडा, साहू जी महाराज और काशीराम जैसे महान व्यक्तियों की प्रतिमाएं भी बनाई गई हैं. इस पार्क को 700 करोड़ रुपये की लागत से बसपा प्रमुख मायावती के शासन में बनाया गया था.
डॉक्टर बीआर अंबेडकर मेमोरियल पार्क के केंद्र में अंबेडकर स्तूप, डॉक्टर बीआर अंबेडकर सामाजिक परिवर्तन संग्रहालय, प्रतिबिंब स्थल और मेमोरियल दृश्य भी बनाया गया है. इस पार्क का निर्माण राजस्थान से मंगवाए गए लाल बलुआ पत्थरों से किया गया है. यूं तो पार्क में सभी चीजें बहुत ही खूबसूरत हैं, लेकिन जो सबसे ज्यादा आकर्षित करता है वह यह यहां पत्थर से बने 40 हाथी. बताया जाता है कि इन हाथियों की कीमत भी करीब 40 लाख रुपये है.
डॉक्टर भीमराव अंबेडकर पार्क में एंट्री के लिए पर्यटकों को केवल 10 रुपये का भुगतान करना होगा. यहां घूमने का असली मजा सर्दियों में हैं, हालांकि गर्मियों में भी शाम के समय पार्क का लुत्फ उठाया जा सकता है. कहा जाता है कि रात के समय यहां जलने वाली लाइटें पार्क की शोभा और भी ज्यादा बढ़ाती हैं. डॉक्टर भीमराव अंबेडकर मेमोरियल पार्क आने के लिए पर्यटकों का लखनऊ आना जरूरी है. पर्यटक यहां हवाई रास्ते, ट्रेन मार्ग और सड़क मार्ग से आ सकते हैं. चौधरी चरण एयरपोर्ट यहां सबसे निकटतम हवाई अड्डा है, यहां पहुंचने के बाद अंबेडकर पार्क के लिए टैक्सी आसानी से मिल जाएगी. वहीं रेल मार्ग से आने वाले लोगों के लिए स्टेशन चारबाग और लखनऊ जंक्शन सबसे करीबी रेलवे स्टेशन है, जहां से ऑटो या टैक्सी करके पार्क तक पहुंचा जा सकता है. इससे सभी राज्यों से लखनऊ तक चलने वाली बस सेवा या निजी वाहन कर भी यहां पहुंचा जा सकता है.
