जम्मू-कश्मीर में अमन लाना है तो पाक से बात करनी होगी -महबूबा मुफ्ती
जम्मू
पीएम नरेंद्र मोदी द्वारा बुलाई गई अहम बैठक से पहले पीडीपी प्रमुख और जम्मू-कश्मीर की पूर्व सीएम महबूबा मुफ्ती ने एक बार फिर से पाकिस्तान को लेकर राग अलापा है। उन्होंने कहा, सरकार दोहा में तालिबान से बातचीत कर रही है। अगर जम्मू-कश्मीर में अमन लाना है तो उन्हें जम्मू-कश्मीर में बातचीत करनी चाहिए और मुद्दों के समाधान के लिए पाकिस्तान के साथ भी बातचीत करनी चाहिए।
महबूबा मुफ्ती का कहना है कि कश्मीर मुद्दे का हल निकालने के लिए और यहां शांति स्थापित करने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पाकिस्तान से भी बात करनी चाहिए। उन्होंने अपनी बात को और मजबूत करने के लिए तालिबान का उदाहरण दिया है। दरअसल कुछ रिपोर्ट्स में बताया जा रहा है कि भारतीय अधिकारियों ने तालिबानी नेताओं से बातचीत के लिए दोहा का गुपचुप दौरा किया है। इन्ही रिपोर्ट्स पर प्रतिक्रिया देते हुए महबूबा मुफ्ती का कहना है कि अगर वो तालिबान से बात करने के लिए दोहा जा सकते हैं तो उन्हें हमसे और पाकिस्तान से भी बात करनी चाहिए।
पीएम मोदी की मीटिंग में शामिल होगा गुपकार ग्रुप
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अगुवाई में 24 जून को दिल्ली में एक अहम मीटिंग होनी है. इसमें जम्मू-कश्मीर के सभी राजनीतिक दलों को बुलावा भेजा गया है. मीटिंग से पहले मंगलवार को फारूक अब्दुल्ला के घर पर गुपकार ग्रुप की बैठक थी, जिसमें फैसला लिया गया है कि जिन्हें न्योता मिला है, वो नेता पीएम के बुलावे को स्वीकारेगा.
यानी फारुक अब्दुल्ला, महबूबा मुफ्ती समेत अन्य गुपकार ग्रुप के नेता भारत सरकार द्वारा बुलाई मीटिंग में शामिल होंगे. अगस्त, 2019 में अनुच्छेद 370 हटाने के बाद केंद्र सरकार द्वारा जम्मू-कश्मीर के राजनीतिक दलों के साथ बातचीत की ये सबसे बड़ी पहल है.
