रोहिंग्याों ने बड़ी तदाद में बनाया अपना ठिकाना, पुलिस के हाथ लगी अहम जानकारी
मेरठ
पश्चिमी उत्तर प्रदेश में म्यांमार के रोहिंग्या नागरिक बड़ी तादात में अपना ठिकाना बना चुके हैं। सूबे के एडीजी (कानून व्यवस्था) प्रशांत कुमार ने करीब दो हजार रोहिंग्याओं के अवैध रूप से रहने की आशंका व्यक्त की है। मेरठ से गिरफ्तार चार रोहिग्याओं से पूछताछ में यह बात सामने आई है कि राशन कार्ड, पेन कार्ड और आधार कार्ड बनवाकर वोटर लिस्ट में नाम जुड़वाना उनका लक्ष्य था। इस आधार पर खुफिया एजेंसियों को यह भी आशंका है कि ये घुसपैठिये आगामी चुनाव में फर्जी आईडी प्रूफ से वोट भी डाल सकते हैं।
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मेरठ से एक दिन पहले गिरफ्तार हुए चारों रोहिंग्या करीब दो साल पहले बांग्लादेश रिफ्यूजी कैंप से निकलकर भारत में दाखिल हुए थे। एटीएस की पूछताछ में यह खुलासा हुआ है। चारों खरखौदा क्षेत्र में रहते थे। अब यह गिरोह रोहिंग्याओं को भारत में एंट्री दिलाने, उनके फर्जी दस्तावेज बनवाने, स्थानीय फैक्ट्रियों में नौकरी दिलाने के अलावा सोने-मानव की तस्करी भी करता था।
