अभ्यर्थियों को किया अयोग्य निर्धारित, शासन के खिलाफ निकाला मोर्चा
भोपाल
मध्य प्रदेश स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा जारी उच्च माध्यमिक शिक्षक भर्ती 2018 में जीव विज्ञान विषय में चयनित् माइक्रोबायोलॉजी, बायोटेक्नोलॉजी, बायोकेमेस्ट्री आदि विषयों से स्नातकोत्तर अभ्यार्थियों को इस भर्ती प्रक्रिया के दस्तावेज सत्यापन के दौरान अयोग्य निर्धारित किया जा रहा है जिसके विरोध में यह अभ्यार्थी कल अचानक लोक शिक्षण संचनालय भोपाल के सामने पहुंच गए एवं विभाग के इस निर्णय के प्रति अपना विरोध प्रदर्शन करने लगे इसके पश्चात अभ्यार्थी स्कूल शिक्षा मंत्री श्री इंदर सिंह परमार के बंगले के सामने भी प्रदर्शन करने पहुंचे।
अभ्यर्थियों का कहना है कि भर्ती प्रक्रिया के पूर्व विभाग द्वारा जारी नियमावली 2018 में कहीं भी स्पष्ट नहीं था कि इन विषयों के अभ्यर्थी उच्च माध्यमिक शिक्षक जीव विज्ञान पद हेतु योग्य नहीं है। इसके विपरीत पिछली समस्त भर्ती प्रक्रिया में इन विषयों के अभ्यर्थियों को नियुक्ति दी गई है एवं विभाग अतिथि शिक्षकों के रहते हैं अभ्यार्थियों को नियुक्ति देता है।
इसका अर्थ है एक ही डिग्री पिछली भर्ती में मान्य थी अतिथि शिक्षक के रूप में भी मान्य हैं लेकिन सीधी भर्ती में अमान्य है।
अभ्यर्थियों का कहना है कि पिछले दिनों माननीय स्कूल शिक्षा मंत्री द्वारा मीडिया में स्वीकार किया गया था कि इसमें अभ्यर्थियों की कोई गलती नहीं है 2018 में नियमावली बनाते समय कुछ चीजें छूट गई थी इसलिए जिला स्तर पर सत्यापन में इन्हें अयोग्य निर्धारित किया गया है इनका निराकरण भोपाल से होगा। लेकिन विभाग के अधिकारीयों द्वारा मंत्री जी के बयान पर कोई ध्यान नहीं दिया गया एवं विभाग ने इस विषय में कोई संज्ञान नहीं लिया इसलिए अभ्यार्थियों को मजबूरन कोरोना का काल में भी भोपाल पहुंचकर प्रदर्शन करना पड़ा।
अभ्यार्थी इस समस्या से पिछले 1 वर्ष से मानसिक प्रताड़ित है किंतु शासन की कोरोना गाइडलाइन को ध्यान में रखते हुए वे अब तक सड़कों पर नहीं उतरे किंतु विभाग भर्ती प्रक्रिया के अंतिम चरण में है यदि विभाग इस विषय का संज्ञान नहीं लेता है तो यह अभ्यार्थी सड़कों पर उतरने पर मजबूर होंगे।
