सड़क निर्माण के नाम पर राशि का आहरण, आरटीआई कार्यकर्ता ने आर्थिक अपराध अन्वेषण ब्यूरो से शिकायत
जांजगीर चाम्पा
सीसी रोड बनाने के नाम पर आठ लाख पचानवे हजार (8,95,104 ) की राशि का आहरण किये जाने के मामले में आरटीआई कार्यकर्ता कृष्ण कुमार चंद्रा ने आर्थिक अपराध अन्वेषण ब्यूरो रायपुर को पत्र के माध्यम से अपनी शिकायत दर्ज कराई जिस पर कार्रवाई करते हुए इस मामले की जांच करने के लिये अफसर स्थल निरीक्षण के लिये पहुंचे हैं।
उल्लेखनीय है कि जिले के नवागढ विकास खंड अंतर्गत मोहतरा ग्राम पंचायत मे सीसी रोड के नाम आठ लाख पचानवे हजार (8,95,104 ) की राशि का आहरण तो कर लिया गया लेकिन सड़क का कहीं कोई नामो निशान नहीं था इस बात को लेकर आरटीआई कार्यकर्ता कृष्ण कुमार चंद्रा ने मुख्य कार्यपालन अभियंता ग्रामीण सडक निर्माण विभाग अभिकरण जांजगीर चांपा से इसी वर्ष फरवरी माह मे की थी जिसकी जांच मे शिकायत जांच अधिकारियों के अनुसार निराधार पाया गया। ग्रामीण् सड़क अभिकरण की जांच से असंतुष्ट चंद्रा ने इस बार अपनी शिकायत आर्थिक अन्वेषण ब्यूरो के पास भेजी। कृष्ण कुमार चंद्रा का कहना है कि न तो कही सड़क दिखाई दे रही है और न ही कही नवीनीकरण दिखाई दे रहा है। जांच से असंतुष्ट आर टी आई कार्यकर्ता कृष्ण कुमार चंद्रा ने आर्थिक अपराध अन्वेषण ब्यूरो रायपुर पत्र लिखा जिसके परिपालन मे मुख्य अभियंता प्रधानमंत्री ग्राम सडक योजना अभिकरण एच गुप्ता गुरूवार को ग्राम मोहतरा निरीक्षण करन पहुंचे।
विदित हो.कि शिकायतकर्ता कृष्ण कुमार चंद्रा ने नवागढ ब्लॉक के ग्राम पंचायत मोहतरा मे सीसी रोड के नाम लगभग 8 लाख 95 हजार की राशि निकालने का प्रधानमंत्री सडक योजना अभिकरण के मुख्य कार्यपालन अभियंता पर भ्रष्टाचार का आरोप आरटीआई कार्यकर्ता कृष्ण कुमार चंद्रा ने लगाया था। जिसके लिए ग्रामीण सडक निर्माण विभाग अभिकरण जांजगीर द्वारा जांच टीम गठित कर पूरे मामले की जांच की गयी। जांच टीम के अधिकारियों ने बताया कि यह राशि सीसी रोड के लिए नही बल्कि नवीनीकरण के लिए निकाली गयी थी और नवीनीकरण हो.चुका है। जबकि शिकायतकर्ता का आरोप है कि यह सब अधिकारियों और सरपंच सचिव की मिलीभगत है। नवीनीकरण के नाम यदि राशि निकाली गयी है तो नवीनीकरण भी तो दिखना चाहिए परंतु न तो रोड दिख रही है और न ही नवीनीकरण दिख रहा है। इस सीसी रोड का ठेका श्याम इंफास्टचर एंड डेवलर्स को दिया गया था। ठेकेदार द्वारा सूचना पटल भी लगाया गया था जिसमे लागत राशि , बनने का समय आदि सभी जानकारी अंकित की गयी थी लेकिन ग्रामीणों और शिकायतकर्ता का आरोप है कि यह सडक केवल कागजो मे है।
कोई भी कभी भी कर सकता है निरीक्षण
डामरीकृत रोड.एक किलोमीटर (1.00 किमी ) तक तथा सीसी रोड 0.20 मीटर.बनी है। अभी पिछले वर्ष इस सड़क मे बी टी रिन्यूअल का कार्य हुआ एवं पूर्व से निर्मित सी सी.सडक मे विभाग द्वारा कोई कार्य नही कराया गया है। इस सडक का कोई भी कभी भी निरीक्षण कर सकता है।
मुख्यकार्यपालन अभियंता ग्रामीण सडक निर्माण विभाग जांजगीर चांपा
