बिहार में 7 मई को बड़ा राजनीतिक कार्यक्रम: गांधी मैदान में मंत्रिमंडल विस्तार, एनडीए सरकार की नई टीम लेगी शपथ
पटना
बिहार की एनडीए सरकार का मंत्रिमंडल विस्तार 7 मई को होगा। राजधानी पटना के ऐतिहासिक गांधी मैदान में मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के मंत्रिमंडल में शामिल होने वाले नए मंत्री शपथ लेंगे। उन्हें राज्यपाल सय्यद अता हसनैन पद व गोपनीयता की शपथ दिलायेंगे। इस मौके के साक्षी बड़ी संख्या में एनडीए के शीर्ष नेता बनेंगे। रविवार को मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने दिल्ली में गृहमंत्री अमित शाह के साथ ही भाजपा के शीर्ष नेताओं से मुलाकात की थी। साथ ही बिहार में एनडीए के प्रमुख घटक दलों के नेता जदयू के राजीव रंजन सिंह ललन, हम के जीतन राम मांझी, लोजपाआर के चिराग पासवान से मिलकर रविवार की दोपहर वे पटना पहुंचे। उनकी वापसी के पहले ही पटना जिला प्रशासन के गांधी मैदान में शपथ ग्रहण समारोह की तैयारियां आरंभ कर दीं। बताया जाता है कि इसको लेकर आलाधिकारियों ने एक बैठक कर इसकी रणनीति बनाई। समय और शपथ लेने वाले मंत्रियों की संख्या तय की जा रही है।
इधर बिहार में मंत्रिमंडल विस्तार की अटकलों के बीच मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने सोमवार को अपने पूर्ववर्ती और जनता दल यूनाइटेड (जदयू) के प्रमुख नीतीश कुमार से उनके आवास पर मुलाकात की। सम्राट चौधरी नई दिल्ली से लौटने के तुरंत बाद कुमार के आवास पहुंचे थे। दिल्ली प्रवास के दौरान उन्होंने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह सहित राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) के कई शीर्ष नेताओं से मुलाकात की थी। मुख्यमंत्री ने जदयू अध्यक्ष के साथ हुई मुलाकात की तस्वीरें सोशल मीडिया मंच 'एक्स' पर साझा करते हुए लिखा कि उन्होंने "राजग की शानदार जीत के गौरवपूर्ण क्षण को साझा किया।" यह हालिया विधानसभा चुनावों में पश्चिम बंगाल, असम, पुडुचेरी, तमिलनाडु और केरल में भाजपा और उसके सहयोगियों के प्रदर्शन का संदर्भ था।
इससे पहले, सम्राट चौधरी ने जदयू प्रमुख के एक पोस्ट को भी साझा किया था, जिसमें उन्होंने विधानसभा चुनावों में राजग की सफलता पर खुशी जताई थी। इसी बीच, यह चर्चा तेज है कि चुनाव परिणामों के बाद बिहार में मंत्रिमंडल विस्तार का रास्ता साफ हो गया है। पिछले महीने शपथ लेने वाले सम्राट चौधरी के मंत्रिमंडल में फिलहाल केवल दो मंत्री हैं, दोनों ही जदयू से हैं। वरिष्ठ नेता विजय कुमार चौधरी और बिजेंद्र प्रसाद यादव ने शपथ ली थी और दोनों को उपमुख्यमंत्री बनाया गया है।
बिहार की 243 सदस्यीय विधानसभा के मंत्रिमंडल में अधिकतम 30 मंत्री हो सकते हैं। संभावित विस्तार में भाजपा और जदयू के अलावा राजग के अन्य घटकों-लोजपा (रामविलास), हम और रालोमो को भी प्रतिनिधित्व मिलने की संभावना है। इन दलों का नेतृत्व क्रमशः केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान, जीतन राम मांझी और राज्यसभा सदस्य उपेंद्र कुशवाहा कर रहे हैं। पूर्व प्रदेश भाजपा अध्यक्ष दिलीप जायसवाल से जब सात मई को मंत्रिमंडल विस्तार की अटकलों के बारे में पूछा गया तो उन्होंने कहा, “यह मुख्यमंत्री का विशेषाधिकार है और इस पर टिप्पणी करना उचित नहीं होगा।”
इस बीच, शहर के ऐतिहासिक गांधी मैदान में एक बड़ा टेंट लगाया जा रहा है। अधिकारी तैयारियों के बारे में कुछ भी बताने से बच रहे हैं, हालांकि भाजपा के कुछ नेताओं का दावा है कि मंत्रिमंडल विस्तार कार्यक्रम "भव्य आयोजन" होगा, जो राजभवन में हुए सम्राट चौधरी के सादे शपथ ग्रहण समारोह से अलग होगा।
