वोटर कार्ड सॉफ्टवेयर अपडेशन का काम जारी, 25 हजार से ज्यादा वोटर परेशान
भोपाल
राजधानी में सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद नगरीय निकाय और पंचायत चुनाव को लेकर कवायद शुरू हो गई है। इससे धीरे-धीरे पूरे जिले में चुनावी माहौल बनता जा रहा है। दावेदारों के चेहरे तो खिले हुए हैं, लेकिन जिन्हें चुनाव में मतदान करना हैं, वो जरूर परेशान हैं। इसके पीछे का कारण बताया जा रहा है कि वोटर कार्ड के लिए आवेदन करने के बाद भी इनके वोटर कार्ड नहीं बन पा रहे हैं।
भोपाल जिले में ही अकेले 25 हजार से अधिक कार्ड बनाए जाने हैं, लेकिन बीते कुछ दिनों से यह काम ठप है। वोटरकार्ड के सॉफ्टवेयर अपडेशन के चलते वोटर कार्ड नहीं बन पा रहे हैं। वर्तमान में सिर्फ पायलट प्रोजेक्ट के तहत दो विधानसभा हुजूर और गोविंदपुरा में ही कार्ड बनाए जा रहे हैं। बाकी पांच विधानसभा क्षेत्र यानी उत्तर, मध्य, नरेला, दक्षिण-पश्चिम और बैरसिया के आवेदक परेशान हो रहे हैं।
यह है कारण
दरअसल, भारत निर्वाचन आयोग ने आधार कार्ड की तर्ज पर नया वोटर कार्ड डिजाइन किया है, जिसमें बार कोड रखा गया है। इसकी मदद से किसी भी वोटर कार्ड वाले व्यक्ति को डेटा आसानी से देखा जा सकेगा। यही नहीं इसके बाद फर्जी वोटर कार्ड भी नहीं बनाए जा सकेंगे। इसे पायलट प्रोजेक्ट के रूप में जिले की दो विधानसभाओं में शुरू किया गया है। इसके सफल होने पर अन्य विधानसभाओं में भी कार्य जाना था, लेकिन अभी ऐसा नहीं हो सका है।
यह आ रही दिक्कत
एक अप्रैल से भारत निर्वाचन आयोग ने नए सॉफ्टवेयर पर काम करने की हिदायत दी है। जिसके तहत तहसील दफ्तरों में नए वोटर कार्ड का काम किया जा रहा है। जिसमें समस्या यह आ रही है कि नए वोटरकार्ड, संशोधन और अन्य बदलाव का अपडेशन तो हो रहा है, लेकिन कार्ड प्रिंट नहीं हो रहे है।
आवेदक दफ्तरों के चक्कर लगाने को हो रहे मजबूर
मतदाता परिचय पत्र के लिए जिन लोगों ने आवेदन किए हुए हैं, वो भटक रहे हैं। उन्हें सही जानकारी नहीं मिल रही है। कुछ लोग तो ऐसे हैं, जिन्हें आवेदन किए कई महीने बीत गए हैं। इनका कहना है कि अफसरों को सही स्थिति तो बताना चाहिए, ऐसे कब तक चक्कर लगाए। हालांकि इसका जवाब खुद अफसरों के पास नहीं है। ऐसे में लोग कभी तहसील, तो कभी निर्वाचन कार्यालय के चक्कर लगाने के लिए मजबूर हैं।
इनका कहना
वोटर कार्ड के संबंध में सॉफ्टवेयर अपडेशन का काम लगभग पूरा हो गया है। जल्द ही जिले की सभी विधानसभाओं में कार्ड प्रिंट करने का काम शुरू हो जाएगा।
संजय श्रीवास्तव, उप जिला निर्वाचन अधिकारी
