पारंपरिक विवि की परीक्षाओं ने रोक दिया भोज का रास्ता
भोपाल
भोज मुक्त विश्वविद्यालय की यूजी व पीजी की सभी परीक्षाएं असमंजय्स में फंसी हुई हैं। प्रदेश के सभी विवि अपनी परीक्षाएं नहीं करा सके हैं। इसलिये भोज सभी इंतजाम होने के बाद भी अपनी परीक्षाएं शुरू नहीं करा सकता है। परीक्षा में करीब एक लाख विद्यार्थी शामिल होंगे, जिनके परीक्षा फार्म आॅनलाइन खोल दिये गये हैं।
भोज विवि यूजी के प्रथम, द्वितीय और अंतिम वर्ष व पीजी के प्रथम और द्वितीय वर्ष की परीक्षाएं प्रदेश के अन्य पारंपरिक विवि की परीक्षाओं पर टिक गये हैं।
क्योंकि जब तक पारंपरिक विवि की परीक्षाएं पूर्ण नहीं हो जाती हैं। तब तक भोज विवि अपनी परीक्षाएं नहीं करा सकता है। प्रदेश के सभी विवि ने यूजी के द्वितीय और तीसरे वर्ष परीक्षाएं करा ली हैं, लेकिन अभी तक प्रथम वर्ष की परीक्षाएं अभी तक नहीं हो सकती हैं। जब सभी विवि प्रथम वर्ष की परीक्षाएं करा लेंगे, जिसके बाद उनके कॉलेज को भोज विवि परीक्षा केंद्र बनाकर परीक्षाएं कराएगा। क्योंकि उच्च शिक्षा विभाग ने भोज के सभी स्टडी सेंटर कॉलेजों में स्थानांतरित करा दिये हैं। जब प्राचार्य अपने विद्यार्थियों की परीक्षाएं करा लेगा। इसके बाद भी वह भोज विवि को परीक्षा कराने की मंजूरी देगा। भोज विवि के प्रदेश में 500 से सरकारी कॉलेजों को स्टडी सेंटर बनाया गया हैं।
एग्जाम फार्म खोले
भोज विवि ने गत वर्ष सभी विद्यार्थियों के एग्जाम फार्म खोलने की व्यवस्था शुरू की है। इसके पहले भोज विवि द्वारा परीक्षा फार्म ही जमा नहीं कराए जाते थे। भोज ने अपनी सभी परीक्षाओं के फार्म आॅनलाइन खोल दिये हैं। विद्यार्थी परीक्षा शुरू होने के एक सप्ताह पहले तक फार्म जमा कर सकेंगे।
परीक्षाएं नहीं करा सकता है
प्रदेश के अन्य पारंपरिक विवि की परीक्षाएं पूर्ण नहीं हो जाती हैं। भोज विवि अपनी परीक्षाएं नहीं करा सकता है।
डॉ. एलएस सोलंकी, रजिस्ट्रार, भोज मुक्त विश्वविद्यालय
