दिन में झुलसाने वाली गर्मी, रात में बढ़ी तपिश
भोपाल
गर्मी ने भीषण रूप अख्तियार कर लिया है। कुछ दिनों पहले जहां लोगों की सुबह ठंडी हवाओं और खुशनुमा मौसम से हुआ करती थी, वही अब सुबह-सुबह ही पसीना बहना शुरू हो गया है। सुबह आठ-नौ बजे से ही गर्मी अपने तेवर दिखाने लगती है।
राजधानी भोपाल की बात करें, तो शनिवार को यहां अधिकतम तापमान 44.4 डिग्री सेल्सियस रहा, जो पिछले दिन के मुकाबले भले ही 0.7 डिग्री सेल्सियस कम था, लेकिन सूरज की चुभन में कोई कमी महसूस नहीं हो रही थी। वहीं रविवार को न्यूनतम तापमान 29.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो शनिवार के न्यूनतम तापमान के मुकाबले 0.6 डिग्री सेल्सियस कम रहा, लेकिन यह फिर भी सामान्य से 3.3 डिग्री सेल्सियस अधिक था।
मौसम विज्ञानियों का कहना है कि अगले 24 से 48 घंटों में गर्म हवाएं इसी तरह आती रहेंगी। हालांकि राजधानी में रविवार को शाम के वक्त आंशिक बादल छा सकते हैं, लेकिन मौसम शुष्क ही रहेगा और हवा 18 किमी प्रतिघंटा की रफ्तार से बहेगी।
कई जिलों में चल सकती है लू
पूरे प्रदेश में गर्मी का प्रकोप बढ़ गया है। शनिवार को प्रदेश के आठ जिलों राजगढ़, गुना, सागर, दमोह, सतना, ग्वालियर, सीधी व रीवा में लू चली। मौसम विज्ञानियों का कहना है कि रविवार को चंबल, ग्वालियर, रीवा, सागर संभागों के जिलों में तथा जबलपुर, नीमच, मंदसौर, रतलाम, राजगढ़, खंडवा, खरगोन, बड़वानी, उज्जैन, आगर, शाजापुर, विदिशा, भोपाल एवं रायसेन में कुछ स्थानों पर लू, तो कुछ स्थानों पर तीव्र लू चलने की संभावना है। 16 एवं 17 मई को भी तापमान में कोई खास परिवर्तन नहीं आएगा।
मौसम विज्ञानी के अनुसार वर्तमान में एक पश्चिमी विक्षोभ ईरान क्षेत्र में मध्य क्षोभमंडल में ट्रफ के रूप में 30 डिग्री उत्तर अक्षांश के उत्तर में अवस्थित है। वहीं तटीय आंध्र प्रदेश के ऊपर चक्रवातीय परिसंचरण अभी भी सक्रिय है, जबकि बिहार से असम और मेघालय तक पूर्व-पश्चिम ट्रफ और उत्तर-दक्षिण ट्रफ लाइन प. बंगाल क्षेत्र में तक विस्तृत है। इसके चलते मई के अंतिम सप्ताह तक मानसून आने की संभावना है।
