प्रबंधकों की अनिश्चितकालीन हड़ताल से तेंन्दूपत्ता संग्रहण हुई प्रभावित

जगदलपुर
बस्तर संभाग सहित पूरे छत्तीसगढ़ के प्राथमिक लघु वनोपज सहकारी समिति के प्रबंधक अपनी नियमितिकरण की मांग को लेकर 11 अप्रैल से अनिश्चितकालीन धरने पर बैठ गए हैं। ऐसे में वन विभाग तेंन्दूपत्ता संग्रहण का कार्य शुरु करने की तिथि तय नहीं कर पा रहे है। तेंदूपत्ता संग्रहण से पहले प्रबंधकों ने अनिश्चितकालीन हड़ताल से तेंदूपत्ता संग्रहण कार्य प्रभावित हो रहा है। ज्ञात हो कि इन दिनों बीजापुर, दंतेवाड़ा और सुकमा में तेंदूपत्ता तोड़ाई का काम शुरु कर दिया गया है। वहीं बस्तर जिले में बास्तानार और मारडूम में तेन्दूपत्त संग्रहण के लिए मुनादी कर दी गई है।

गौरतलब है कि बस्तर संभाग के चार जिलों में 02 लाख 20 हजार मानक बोरा तेंदूपत्ता संग्रहण का लक्ष्य तय किया गया है। तेंदूपत्ता को तोड़कर सुखाने के बाद 50-50 पत्ते का बंडल बनाया जाता है। ऐसे एक हजार बंडल से एक मानक बोरा बनता है। सरकार की ओर से प्रति मानक बोरा 04 हजार रुपए दिया जा रहा है। बस्तर वनांचल के हजारों ग्रामीण अप्रैल माह में तेन्दूपत्ता का संग्रहण शुरु कर देते हैं। तेंदूपत्ता संग्रहण से बस्तर संभाग के ग्रामीणों की आय का बड़ा साधन माना जाता है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *