20 में से 7 उद्योग पूरी तरह से बंद, 13 का परबॉईल्ड इकाई बंद

रायपुर
रायपुर जिले में स्थापित उद्योगों में प्रदूषण नियंत्रण यंत्र की स्थापना का मामला कांग्रेस के विधायक कुलदीप जुनेजा ने उठाया। जिसके जवाब में वन मंत्री मोहम्मद अकबर ने बताया कि 26 जुलाई 2021 के उत्तर में रायपुर जिले के 20 उद्योगों द्वारा समुचित प्रदूषण नियंत्रण व्यवस्थापित स्थापित नहीं होना पाया गया है। 31 जनवरी 2022 की स्थिति में उक्त 20 उद्योगों में से समुचित प्रदूषण नियंत्रण व्यवस्था स्थापित करने वाले उद्योगों की संख्या निरंक है। परंतु 20 में से 7 उद्योग पूरी तरह से बंद हो चुके हैं और 13 उद्योगों का पर बॉईल्ड इकाई बंद है। वर्तमान में किसी भी उद्योग के द्वारा प्रदूषण नियंत्रण व्यवस्था स्थापित करने की वैधानिक बाध्यता नहीं है।

बंद किए गए उद्योगों में मेसर्स आजाद राईस मिल खरोरा, मेसर्स महावीर धान प्रक्रिया केंद्र पारागांव नवापारा, मेसर्स जेजी राइस मिल खरोरा ग्राम सिर्री, मेसर्स अंबिका राईस इंडस्ट्रीज ग्राम भेलवाडीह अभनपुर, मेसर्स मंजू एर्गो प्राइवेट लिमिटेड भनपुरी, मेसर्स राहुल केमिकल्स ग्राम जरवाय तेंदुआ रोड हीरापुर तथा मेसर्स बीके इंफ्रास्ट्राक्चर प्राइवेट लिमिटेड ग्राम धनेली शामिल हैं। वहीं मेसर्स बालाजी परबायलिंग यूनिट कोहरा नेवरा, मेसर्स मनीष फूड प्रोडक्ट्स ग्राम घुलघुल नेवरा, मेसर्स केशरी राईस इंडस्ट्रीज आमासिवनी बाराडेरा, मेसर्स राजपाल राईल मिस ग्राम तुलसी नेवरा, मेसर्स ममराज एंड संस ग्राम केसला खरोरा, मेसर्स दंतेश्वरी इंडस्ट्रीज ग्राम सिनोधा नेवरा, मेसर्स मधु परबॉयलिंग नवापारा राजिम, मेसर्स अग्रवाल राईस मिल धमतरी रोड अभनपुर, मेसर्स सिद्धी एग्रो फूड्स प्रा.लि. ग्राम सतपारा अभनपुर, मेसर्स गिडलानी राईस मिल ग्राम तुलसी नेवरा, मेसर्स बालाजी ग्रेन एंड प्रोसेसिंग इंडस्ट्रीज अभनपुर तथा मेसर्स गोयल एग्रो फूड्स ग्राम दोंदेकला में स्थापित उद्योगों को निर्देश जारी कर उद्योग की परबॉईल्ड इकाई बंद कराई गई है तथा वर्तमान स्थिति में उद्योग की परबॉईल्ड इकाई बंद है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *