ओलंपिक में भारतीय हॉकी टीम की कमान मनप्रीत के हाथ में

 जालंधर
ओलंपिक में पदकों का स्वर्णिम इतिहास संजोए भारतीय हॉकी टीम एक बार फिर जुलाई में टोक्यो में होने वाले खेलों के महाकुंभ में पदक के लिए मैदान पर उतरेगी। गर्व की बात यह है कि रिकार्ड आठवीं बार टीम की कमान पंजाबी खिलाड़ी के हाथ में होगी। हालांकि हाकी टीम में लंबे समय तक पंजाबी खिलाड़ियों का दबदबा रहा है। एक समय ऐसा भी था जब लगभग पूरी की पूरी टीम पंजाब के जालंधर स्थित संसारपुर से ही चुन ली जाती थी और कप्तान भी पंजाबी खिलाड़ी ही होता था, लेकिन बीच के वर्षो में पंजाब इसमें पिछड़ गया।

अब लगभग 21 वर्ष बाद पंजाब के लिए गौरव का यह क्षण आया है। जालंधर के मनप्रीत सिंह इस बार टीम का नेतृत्व करेंगे। इससे पूर्व वर्ष 2000 के सिडनी ओलंपिक में पंजाब के रमनदीप सिंह ग्रेवाल ने टीम की कमान संभाली थी। इस बार दो उपकप्तान चुने गए हैं, जिनमें से एक अमृतसर के हरमनप्रीत सिंह हैं। यानी इस बार कप्तान और उपकप्तान दोनों पंजाब से हैं।

25 साल बाद मिट्ठापुर का खिलाड़ी करेगा टीम का नेतृत्व

जालंधर के लिए भी यह गौरवशाली क्षण है, खासकर मिट्ठापुर गांव के लिए। मनप्रीत इसी गांव के रहने वाले हैं और 25 वर्ष पूर्व 1996 में अटलांटा ओलंपिक में इसी गांव के दिग्गज खिलाड़ी परगट सिंह ने भारतीय हॉकी टीम की कमान संभाली थी। परगट 1992 के बार्सिलोना ओलंपिक में भी टीम के कप्तान थे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *